टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने की होम्योपैथिक दवा – बेस्ट आयुर्वेदिक व पतंजलि दवा

testosterone badhane ki homyopethic dawa.

टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने की होम्योपैथिक दवा । हार्मोन हमारे बॉडी की महत्ती आवश्यकता है । खास तौर जब बात प्रजनन अंगों या प्रजनन क्षमता की हो । जी हा हार्मोन प्रजनन क्षमता के विकास मे अहम भूमिका निभाते है । आज हम पुरुष हार्मोन टेस्टोस्टोन बढ़ाने के बारे में बताने जा रहे है । एक्सपर्ट के अनुसार 30 से 35 साल की आयु तक इस हार्मोन का निर्माण होता है ।

यह पुरुष वृषण द्वारा निर्मित टेस्टोस्टेरोन हार्मोन जो प्रजनन अंगों और मर्दाना विशेषताओं के विकास के लिए जिम्मेदार माना जाता है । जिसमें चेहरे के बाल और आवाज का गहरा होना शामिल है। टेस्टोस्टेरोन को 1935 में वृषण के अर्क से अलग किया गया था । इसकी खोज के बाद एस्ट्रोजन जिसे 1931 में मूत्र से अलग किया गया था । हालांकि, टेस्टोस्टेरोन एंड्रोस्टेरोन की तुलना में अधिक शक्तिशाली साबित हुआ, जिसे बाद में टेस्टोस्टेरोन का जैव रासायनिक उत्पाद दिखाया गया । तो चलिए जानते हैं – टेस्टोस्टोन बढ़ाने की दवा –

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टेस्टोस्टोन कम होने के लक्षण –

कम टेस्टोस्टेरोन के कई संकेत और लक्षण हैं । कुछ कम टी स्तरों से अधिक निकटता से संबंधित हैं । दूसरों को जरूरी नहीं कि जोड़ा जाए । आपका डॉक्टर आपको अपनी स्थिति का बोध कराने में मदद करेगा –

  • कम सेक्स ड्राइव,
  • स्तंभन समारोह कम हो गया,
  • दाढ़ी वृद्धि का नुकसान,
  • दुबला मांसपेशियों का नुकसान,
  • हर समय बहुत थका हुआ महसूस करना,
  • मोटापा
  • अवसाद व
  • निम्न ऊर्जा स्तर, धीरज आदि ।

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टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने की आयुर्वेदिक और होम्योपैथिक दवा –

पुरुषो मे हार्मोन को बढ़ाने के लिए आज कल मार्केट में अनेको दवाए उपलब्ध है । ये दवाए न केवल उपयोगी है बल्कि किफायती भी है । इनका उपयोग करने से योग्य डॉक्टर या वैध से अवश्य परामर्श करें । एक्सपर्ट के मुताबिक 30 वर्ष तक आयु मे इनका निर्माण होता रहता है । इनके बाद धीरे धीरे कम होता हैं । लेकिन यदि आपका खानपान सही नहीं है । या किसी गंभीर बीमारी से पीड़ित है तो इनकी निर्माण प्रक्रिया बाधित हो सकती हैं ।

जिससे आपकी मर्दाना ताकत कम हो सकती हैं । थकान या कम ऊर्जा का आभास हो सकता हैं । इनके लेवल को बढ़ाने के लिए पतंजलि, आयुर्वेदिक, होम्योपेथिक दवाए लाभदायक हो सकती हैं । इनके अलावा घरेलु उपाय भी उपयोगी है । तो चलिए जानते है – टेस्टोस्टोन बढ़ाने की दवा के बारे में –

टेस्टिस सिक्काती 3 एक्स – टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने की होम्योपैथिक दवा

यह होम्योपेथिक चिकित्सा की सबसे बेस्ट दवाओं मे से एक है । इनका सेवन करने से न केवल टेस्टो स्टोन का स्तर बढ़ता है बल्कि शुक्राणुओ की संख्या भी बढ़ती है । वही मर्दाना शक्ति भी बढ़ती हैं । इस दवा का उपयोग से वृषण की कोशिकाओं को मजबूती मिलती हैं । जिसे शुक्राणुओ की सख्या बढ़ती है ।

इस दवा का उपयोग डॉक्टरी सलाह से करें । इनका सेवन दिन मे 3 गोली के रूप मे कर सकते है । इस दवा का कोई साइड इफ़ेक्ट नहीं है । फिर भी अनुशासित खुराक के रूप मे करें ।

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कैलेडियम सेगुइनम 30 सीएच – टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने की होम्योपैथिक दवा

जैसा कि हम सभी जानते हैं कि टेस्टोस्टोन हार्मोन की कमी दाढ़ी, मुछ, स्पर्म काउंट को प्रभावित करती हैं । यानी की इनकी कमी होने पर आवाज़ की भारी पन की कमी, दाढ़ी मुछ की कमी होती हैं । इन दवा का सेवन करने से टेस्टो स्टोन हार्मोन का स्तर बढ़ता है जिससे लो स्पर्म की प्रॉब्लम, मर्दाना कमजोरी दूर होती हैं ।

इनका सेवन करने से शारीरिक थकान, ढीलापन भी दूर होता हैं । इनके दुष्प्रभावो से बचने के लिए योग्य डॉक्टर से परामर्श ले । या अनुशासित खुराक रोज दो बुंद के रूप मे सेवन करें ।

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टेस्टोस्टोन बढ़ाने की होम्योपेथिक दवा –

  1. एवेना सैटिवा – हार्मोन लेवल को बढ़ाने के लिए यह उपयोगी दवाओं मे से एक है । इनका सेवन रोजाना 5 बुंद के रूप मे कर सकते हैं ।
  2. बैराइटा कार्बोनिका – यह दवा भी प्रभावी है । यह दवा पुरुषो मे नपुंसकता व कम कमेच्छा दूर करने मे सहायक है । इनका सेवन करने टेस्टो स्टोन के लेवल को बढ़ाया जा सकता हैं ।
  3. काली फॉस 30 – यह दवा शुक्राणुओ की कमी, थकान, तनाव को दूर करके हार्मोन के स्तर को बढ़ाती है ।
  4. लाइकोपोडियम – यह होम्योपेथिक मेडिसिन टेस्टोस्टेरोन में कमी के कारण होने वाली प्रॉब्लम जैसे शुक्राणुओ की कमी, कमेच्छा की कमी, मर्दाना कमजोरी आदि को दूर करती है ।
  5. नुफर ल्यूटियम कयू – यह एक ऐसी मेडिसिन है जो लैंगिंग शक्ति से जुड़ी प्रॉब्लम को दूर करने के लिए उपयोगी है । यह टेस्टो स्टोन की कमी को दूर करती है ।

इनके आलावा सबल सेरुलता व सेलेनियम मेटालिकम भी उपयोगी दवाओं मे से एक है । इन दवाओं का सेवन करने से पहले योग्य डॉक्टर की सलाह लेना आवश्यक समझे ।

नटरीज़ टेस्टो – 6 – टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने की आयुर्वेदिक दवा

यह दवा भारत की सबसे बड़ी बेचना दवा है जो अमेज़ॅन पर बेचा गया है जो लाखों लोगों द्वारा उपयोग किया गया है। यह दवा 100% प्राकृतिक है और केवल प्राकृतिक टेस्टोस्टेरोन बूस्टर जड़ी बूटियों का उपयोग इसके लिए किया गया है, जो स्वाभाविक रूप से आपके शरीर में टेस्टोस्टेरोन का स्तर बढ़ाने मे कारगर है । यह शरीर पर संग्रहीत हानिकारक वसा कम हो जाता है और कोलेस्ट्रॉल का स्तर भी कम हो जाता है, इसके साथ, मजबूत मर्दाना शक्ति सेक्स शक्ति भी उपलब्ध है।

यदि आपने पहले कभी भी टेस्टोस्टेरोन को बढ़ाने के लिए किसी भी आयुर्रिविक दवा का इस्तेमाल नहीं किया है, तो आपको एक बार इस दवा का उपयोग करने की कोशिश करनी चाहिए। हमारे पास पूरी आशा है कि आप इसके से सबसे अच्छे परिणाम प्राप्त करेंगे। सामग्री अश्वगंध, कूनज, मेथी, पैनक्स, जीन्सेंग, ट्राइबुलस ट्रेस्ट्रीज़ और सफ़ेद मुसाली। 2 टैबलेट का उपयोग कैसे करें दवा के भोजन के लाभ के बाद दो बार एक बार लिया जा सकता है – विजन वृद्धि – वसूली के लिए सर्वश्रेष्ठ दवा – सहनशीलता बढ़ जाती और

बोल्डफ़िट टेस्टोस्टेरोन बूस्टर – बेस्ट आयुर्वेदिक सप्लिमेंट –

यह सबसे अच्छा टेस्टोस्टेरोन पूरक है जिसमें केवल आयुर्वेदिक जड़ी बूटी का मिश्रण होता है। इस दवा के आयुर्वेदिक तत्व शरीर में एक नया जीवन प्रदान करते हैं। यह टेस्टोस्टेरोन को बढ़ाकर शरीर में विकास मे सहायक है । वही बॉडी कोर्टिसोल के स्तर को लो कर देता है, जिसके कारण बॉडी पूरी तरह से विकसित हो जाती है। यदि आप चुस्त और मजबूत शरीर के साथ अच्छे स्वास्थ्य चाहते हैं, तो निश्चित रूप से इस दवा की कोशिश करें।

सामग्री कून, अश्वगंधा, बीज, बिलोबा, सफ़ेद मुसाली, गिंगको और एल-सिट्रुललाइन, मेथी आदि । जो तनाव कम करने अलावा माशपेशियों को विकसित करता है ।

इनका सेवन खाली पेट नहीं करे । इनका सेवन दोपहर के भोजन और रात के खाने के बाद प्रत्येक टेबलेट ले सकते हैं। इनका कोई साइड इफ़ेक्ट्स नही है फिर योग्य वैध की सलाह से सेवन करें ।

Himalayan Organics – टेस्टो स्टोन बढ़ाने की हिमालय दवा –

पुरुष हार्मोन पुरुषों में कई महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, शरीर के बाल बढ़ने के अलावा, यह मूड को नियंत्रित करता है, हड्डियों को स्वस्थ रखता है, हृदय में सुधार करता है और मांसपेशियों को बढ़ाता है। यह दवा ( Himalayan Organics ) भी टेस्टोस्टोन बढ़ाने की दवा मे से एक है । इसमे उपस्थित प्राकृतिक घटक जैसे पालक, अश्वगंधा, वेलवेट बीन्स, मैका रूट सहित अनेको जड़ी बुटियों का मिश्रण है ।

जो आपके जीवन को सुखमय बनाने के लिए उपयोगी है । यह टेस्टोस्टोन के लेवल को बढ़ाकर कमजोरी और तनाव को दूर करती हैं । साथ ही साथ पुरुषो मे सहनशक्ति बढ़ाने का कार्य भी करती है । माशपेशियों को विकासित करने मे उपयोगी है । यह एक प्रकार पूरक आहार है । इनका उपयोग करने से पहले योग्य वैध से परामर्श करें ।

पतंजलि अश्वगंधा पाउडर – टेस्टोस्टोन बढ़ाने की पतंजलि दवा –

अश्वगंधा आयुर्वेदिक चिकित्सा मे Testosterone बढ़ाने के लिए बेस्ट मेडिसिन के रूप में जाना जाता है। जो किसी भी दुष्प्रभावों के बिना टेस्टोस्टेरोन को बढ़ावा देने में मदद करता है। इस दवा का उपयोग करके, एक पतली शरीर स्वस्थ और मजबूत हो जाता है इसके अलावा, इस दवा को तनाव से पीड़ित लोगों के लिए सबसे अच्छा माना जाता है।

अश्वाग्धा पाउडर उपयोग आप दूध के साथ दिन मे दो बार तक का दर्द हो सकता है । यह रक्त शर्करा कम कर देता है । अवसाद को कम करने में मदद करता है । सूजन कम करता है । इनके दुष्प्रभाव से बचने के लिए अनुशासित खुराक के साथ सेवन करे ।

इनके अलावा दिव्य यौवन चूर्ण, दिव्य शिलाजीत, दिव्य कौच के बीज़ चूर्ण एव पतंजलि सफ़ेद मुसली भी लाभकारी दवाओं से एक है ।

टेस्टोस्टोन हार्मोन बढ़ाने के घरेलु उपाय –

Testosterone hormone को नर हार्मोन कहते है। हालांकि ये हार्मोन महिलाओं और पुरुषों दोनो मे पा़या जाता है । ये हार्मोन पुरुषों के वृषण और और एड्रेनल ग्लैड मे बनते है। महिलाओं की ओवरीज मे इस का निर्माण होता है, मगर बहुत कम मात्रा में।

  • विटामिन सी और विटामिन ए युक्त आहार – विटामिन सी की प्रचुर मात्रा वाले साइट्रिक फलों शरीर मे स्ट्रेस हार्मोन कम होते है। नींबू, संतरा को आदर्श बनाने मे भी सुधार आता है। आंवला, मौसमी, पालक आदि मे विटामिन सी पर्याप्त पाया जाता है। वही गाजर मे विटामिन ए भरपूर पाया जाता है।
  • ऑलिव आ़ँयल का प्रयोग करे – इसका इस्तेमाल शरीर में कोलेस्ट्रॉल का स्तर मे सुधार होता है। वह बढ जाता है। साथ ही ये स्वास्थ्य के लिये भी अच्छा होता है। इसलिये खाना बनाने आदि मे इस तेल का प्रयोग करे। इस तेल के इस्तेमाल से दिल की बिमारिया दूर रहती है।
  • गोभी खाये – गोभी प्रजाति की सब्जियां स्वास्थ्य के लिहाज से बहुत फायदेमंद मानी जाती है। इसलिये आप बंद गोभी, फुल गोभी, ब्रेक ली आदी को अपने आहार मे शामिल करे।
  • सैचुरेटेड फैट – रेड मिट में सैचुरेटेड फैटस, जिंक और कोलेस्ट्रॉल प्रचुर मात्रा मे होते है। जो शरीर म़े टेस्टोस्टेरोन के स्तर को बढाने के लिये अंडे का सेवन भी लाभदायक होता है। इस मे विटामिन डी, सैचुरेटेड फैटस और ओमेगा 3 एसिड होते है।

अंतिम शब्द – नर हार्मोन को बढ़ाने के लिए खानपान के साथ साथ योग व्यायाम करना आवश्यक है । यदि आप दवाओं का सेवन करना चाहते हैं तो योग्य वैध से अवश्य परामर्श ले ।

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